बुध (Mercury)

नवग्रह गाइड

बुध

Mercury

राजकुमार (युवराज), बुद्धि, वाणी, तर्कशास्त्र, वाणिज्य, गणित, संचार और विश्लेषणात्मक क्षमता के स्वामी

उत्तर दिशा पन्ना (मरकत मणि / एमराल्ड) जप 9000

स्वरूप और तत्व

स्वरूप

वैश्य (विद्वान/व्यापारी), राजसिक, त्रिदोष (वात-पित्त-कफ / पृथ्वी तत्व), तटस्थ एवं अनुकूलनीय शुभ ग्रह

उत्सर्जित ऊर्जा

ऊर्जा

उच्च आवृत्ति विद्युत-चुंबकीय तरंगें, हरित प्रकाश तरंगें, स्नायु उत्तेजक व संचार ऊर्जा

दिशा

दिशा और मंडल

दिशा

उत्तर दिशा

मंडल स्थिति

सूर्य के सापेक्ष उत्तर-पूर्व (वैदिक) / दक्षिण (आगम)

देवता

अधिष्ठाता देवता

अधिष्ठाता देवता

भगवान बुध

Adhidevata

भगवान विष्णु / त्रिविक्रम

Pratyadhidevata

भगवान नारायण / शिव

मंत्र

जप मंत्र

बीज मंत्र

ॐ ब्रां ब्रीं ब्रौं सः बुधाय नमः

वैदिक मंत्र

ॐ उद्बुध्यस्वाग्ने प्रति जागृहि त्वमिष्टापूर्ते सं सृजेथामयं च। अस्मिन्त्सधस्थे अध्युत्तरस्मिन् विश्वे देवा यजमानश्च सीदत॥

जप संख्या 9000

रत्न

रत्न और धातु

मुख्य रत्न

पन्ना (मरकत मणि / एमराल्ड)

उप रत्न

पेरिडॉट, हरा टूमलाइन, हरा ओनिक्स

धातु

सोना, चांदी या कांसा/पंचधातु

अँगुली और समय

कनिष्ठिका उंगली (Little finger) में शुक्ल पक्ष के बुधवार को प्रातः काल

शुभ प्रभाव

जब बलवान

प्रखर बुद्धि, वाकपटुता, व्यापारिक सफलता, हास्य-विनोद, गणितीय क्षमता और त्वरित निर्णय लेने की शक्ति।

पीड़ित प्रभाव

जब पीड़ित

वाणी दोष (हकलाहट), तंत्रिका तंत्र (नर्वस सिस्टम) विकार, चर्म रोग, अनिर्णय की स्थिति और व्यापार में हानि।

कालिक बल

कब सबसे प्रभावी

सबसे प्रभावी समय

प्रातः काल / सूर्योदय (प्रथम भाव में दिग्बल), कन्या राशि गोचर (उच्च/स्वराशि), बुधवार प्रातः और 17 वर्षीय बुध महादशा।

न्यूनतम प्रभावी समय

सूर्यास्त काल, मीन राशि गोचर (नीच) और सूर्य के साथ अति निकट अस्त अवस्था।