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साप्ताहिक पूजा
ॐ · वार · ग्रह
दिन · देवता · मंत्र
साप्ताहिक पूजा — दिनानुसार देव आराधना
प्रत्येक वार को उसके देवता, ग्रह, रंग, मंत्र और घरेलू अनुष्ठान से जोड़ें
सनातन धर्म में सप्ताह का प्रत्येक दिन एक ग्रह की ऊर्जा और एक आराध्य देवता से जुड़ा है। दिन के अनुकूल पूजा, व्रत और मंत्र-जाप से मन, शरीर और कर्म में संतुलन आता है।
सप्ताह चक्र
दिन चुनें — आज का वार स्वतः प्रकाशित है।
शिव
सोमवार
भगवान शिव
हनुमान
मंगलवार
भगवान हनुमान (गणेश एवं कार्तिकेय भी)
गणेश
बुधवार
भगवान गणेश (विष्णु भी)
विष्णु
गुरुवार
भगवान विष्णु (दक्षिणामूर्ति / बृहस्पति भी)
लक्ष्मी
शुक्रवार
माँ लक्ष्मी (दुर्गा / संतोषी माता भी)
शनि
शनिवार
शनि देव एवं भगवान हनुमान
सूर्य
रविवार
भगवान सूर्य
मुख्य मंत्र
ॐ नमः शिवाय ॥
Om Namah Shivaya
अर्थ
मैं भगवान शिव को नमन करता/करती हूँ—जो मंगलमय और सर्वव्यापी चेतना हैं।
ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम् ।
उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात् ॥
Om Tryambakam Yajamahe Sugandhim Pushti-Vardhanam |
Urvarukamiva Bandhanan Mrityor Mukshiya Ma'mritat ||
अर्थ
हम त्रिनेत्रधारी शिव की आराधना करते हैं जो सबका पोषण करते हैं। जैसे खरबूजा बेल से मुक्त होता है, वैसे हमें मृत्यु से मुक्त कर अमरत्व प्रदान करें।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
दूध
जल
बेलपत्र
सफेद फूल
चंदन
व्रत
सोमवार व्रत — सायंकालीन पूजा के बाद एक बार भोजन, अथवा फलाहार।
मुख्य अभ्यास
शिवलिंग का जल एवं दुग्ध अभिषेक करते हुए ॐ नमः शिवाय का जाप करें।
अनुशंसित गतिविधियाँ
ध्यान और मन की शांति का अभ्यास
जल या प्रकृति के निकट शांत समय
भावों का संयम और आंतरिक शांति
सफेद वस्तुएँ (चावल, दूध या वस्त्र) का दान
मुख्य मंत्र
ॐ हनुमते नमः ॥
Om Hanumate Namah
अर्थ
भगवान हनुमान को नमन—शक्ति, भक्ति और निर्भयता के स्वरूप।
ॐ क्रां क्रीं क्रौं सः भौमाय नमः ॥
Om Kram Kreem Kroum Sah Bhaumaya Namah
अर्थ
मंगल ग्रह का बीज मंत्र—साहस, ऊर्जा और अनुशासित शक्ति का आह्वान।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
सिंदूर
गुड़
चना
चमेली का तेल
लाल फूल
व्रत
मंगलवार व्रत — नमक त्याग; गेहूँ/गुड़ आधारित एक समय भोजन।
मुख्य अभ्यास
हनुमान चालीसा अथवा सुंदरकांड का भक्तिपूर्वक पाठ।
अनुशंसित गतिविधियाँ
शारीरिक अभ्यास, व्यायाम और अनुशासन
साहस और ऊर्जा वाले कार्य आरंभ करें
विवादों का साहसपूर्ण किंतु रचनात्मक समाधान
मसूर दाल का दान अथवा रक्तदान का संकल्प
मुख्य मंत्र
ॐ गं गणपतये नमः ॥
Om Gan Ganapataye Namah
अर्थ
गणपति को नमन—विघ्नहर्ता और बुद्धि के स्वामी।
ॐ बं बुधाय नमः ॥
Om Bam Budhaya Namah
अर्थ
बुध ग्रह का बीज मंत्र—वाणी, बुद्धि और व्यापार की स्पष्टता।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
दूर्वा (२१ अंकुर)
मोदक / लड्डू
हरा वस्त्र अथवा घास
चंदन
व्रत
बुधवार व्रत — हरे पदार्थ / मूंग दाल एक बार।
मुख्य अभ्यास
गणेश जी को दूर्वा अर्पित कर १०८ नामों का जाप करें।
अनुशंसित गतिविधियाँ
शिक्षा, लेखन और बौद्धिक कार्य
व्यापारिक वार्ता और आर्थिक योजना
कौशल, कोडिंग और स्पष्ट संवाद
गाय को हरा चारा दें अथवा मूंग का दान करें
मुख्य मंत्र
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय ॥
Om Namo Bhagavate Vasudevaya
अर्थ
भगवान वासुदेव (विष्णु) को नमन—जो जगत के पालनकर्ता हैं।
ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं सः गुरवे नमः ॥
Om Graam Greem Graum Sah Gurave Namah
अर्थ
गुरु ग्रह का बीज मंत्र—ज्ञान, विस्तार और गुरु-कृपा।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
पीले फूल
चना दाल
हल्दी
केले
बेसन के मिष्ठान्न
व्रत
गुरुवार व्रत — पीले पदार्थ एक बार; नमक का पूर्ण त्याग।
मुख्य अभ्यास
केले के वृक्ष या विष्णु मंदिर के समीप घी दीप जलाएँ; विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें।
अनुशंसित गतिविधियाँ
आध्यात्मिक ग्रंथों और उच्च शिक्षा का अध्ययन
गुरुजन और वृद्धजन से मार्गदर्शन लें
विवेकपूर्ण आर्थिक योजना और निवेश
पीली वस्तुएँ, पुस्तकें या शिक्षा सामग्री का दान
मुख्य मंत्र
ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद ॥
Om Shreem Hreem Shreem Kamale Kamalalaye Praseed Praseed
अर्थ
कमलालय निवासिनी माँ लक्ष्मी का आह्वान—वे प्रसन्न हों और कृपा करें।
ॐ द्रां द्रीं द्रौं सः शुक्राय नमः ॥
Om Dram Dreem Droum Sah Shukraya Namah
अर्थ
शुक्र ग्रह का बीज मंत्र—सामंजस्य, सौंदर्य, संबंध और मधुर आनंद।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
खीर
कमल / गुलाबी फूल
केसर
इत्र
मिष्ठान्न
व्रत
शुक्रवार / संतोषी माता व्रत — खट्टे और अम्लीय पदार्थ त्यागें।
मुख्य अभ्यास
श्री सूक्त या महालक्ष्मी अष्टक का पाठ; कपूर या घी दीप जलाएँ।
अनुशंसित गतिविधियाँ
कला, संगीत, डिज़ाइन और सृजनात्मक कार्य
संबंधों और गृह-सामंजस्य का पोषण
आत्म-सौंदर्य और सुरुचिपूर्ण जीवन
कन्याओं या जरूरतमंदों को अन्न, मिष्ठान्न या वस्त्र दान
मुख्य मंत्र
ॐ शं शनैश्चराय नमः ॥
Om Sham Shanaisccharaya Namah
अर्थ
शनि को नमन—अनुशासन, न्याय और कर्म के ग्रह।
नीलान्जनसमाभासं रविपुत्रं यमाग्रजम् ।
छायामार्तण्डसम्भूतं तं नमामि शनैश्चरम् ॥
Nilanjana Samabhasam Ravi Putram Yamagrajam |
Chaya Martanda Sambhutam Tam Namami Shanaischaram ||
अर्थ
मैं शनि को नमन करता/करती हूँ—नील अंजन समान, सूर्यपुत्र, यम के अग्रज, छाया और मार्तण्ड से उत्पन्न।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
सरसों का तेल
काला तिल
लोहे की वस्तुएँ
काला वस्त्र
नीले फूल
व्रत
शनिवार व्रत — सूर्यास्त के बाद तिल/उड़द का सादा एक भोजन।
मुख्य अभ्यास
शनि मूर्ति या पीपल के नीचे सरसों तेल अर्पित करें; तेल दीप जलाएँ।
अनुशंसित गतिविधियाँ
अनुशासित श्रम और अव्यवस्था का संगठन
विनम्रता, धैर्य और दीर्घकालिक लक्ष्य
श्रमिकों, वृद्धों और जरूरतमंदों की सेवा
काले जूते, छतरी, तेल या तिल का दान
रविवार
रविवार
सूर्य
भगवान सूर्य
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सूर्य
रंग
लाल
नारंगी
स्वर्ण
ताम्र
मुख्य मंत्र
ॐ सूर्याय नमः ॥
Om Suryaya Namah
अर्थ
सूर्य को नमन—जीवन, प्रकाश और प्राणशक्ति के स्रोत।
ॐ घृणिः सूर्य आदित्यः ॥
Om Ghrinih Surya Adityah
अर्थ
सूर्य मंत्र—तेजस्वी आदित्य का आह्वान जो सब प्राणियों का पोषण करते हैं।
आदित्यहृदयं पुण्यं सर्वशत्रुविनाशनम् ।
जयावहं जपेन्नित्यं अक्षय्यं परमं शिवम् ॥
Aditya Hrudayam Punyam Sarva Shatru Vinashanam |
Jayavaham Japen Nityam Akshayyam Paramam Shivam ||
अर्थ
पवित्र आदित्य हृदयम् शत्रुओं का नाश करता है, विजय देता है और नित्य जप से परम मंगल करता है।
पूजा एवं अनुष्ठान
अर्पण
तांबे के पात्र में कुमकुम-युक्त जल और लाल फूल
गेहूँ
गुड़
व्रत
रविवार व्रत — सूर्यास्त से पहले बिना नमक का भोजन।
मुख्य अभ्यास
उदय होते सूर्य को अर्घ्य दें और सूर्य मंत्रों का जाप करें।
अनुशंसित गतिविधियाँ
प्रातःकालीन सूर्यप्रकाश और बाहरी गतिविधि
सूर्य नमस्कार का अभ्यास
नेतृत्व, लक्ष्य और स्वास्थ्य दिनचर्या की योजना
तांबे की वस्तुएँ, गेहूँ या गुड़ का दान
दिन एवं देवता विस्तृत पूजा गाइड
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दैनिक नित्य पूजा
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पर्व पूजाएँ