शास्त्री जी की मार्गदर्शिका

नवरात्रि घटस्थापना एवं ९ देवी विस्तृत पूजा

९ दिवसीय साधना नवदुर्गा

नवरात्रि मां जगदम्बा (शक्ति) की उपासना का नौ दिवसीय महापर्व है। नौ रात्रियों में नवदुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा करने से भय, दुख, और पापों का नाश होता है तथा शक्ति, आरोग्य एवं सिद्धि प्राप्त होती है।

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महत्व

नवरात्रि मां जगदम्बा (शक्ति) की उपासना का नौ दिवसीय महापर्व है। नौ रात्रियों में नवदुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा करने से भय, दुख, और पापों का नाश होता है तथा शक्ति, आरोग्य एवं सिद्धि प्राप्त होती है।

घटस्थापना एवं खेतड़ी बीजारोपण विधि (प्रथम दिन)

चरण 1

जौ (खेतड़ी) वेदी तैयारी

मिट्टी का चौड़ा पात्र लें, उसमें मिट्टी भरें और रातभर भीगे हुए जौ बोएं। यह सृष्टि और विकास का प्रतीक है।

चरण 2

कलश निर्माण एवं स्वास्तिक

तांबे या पीतल के कलश में स्वच्छ जल, एक सिक्का, सुपारी और अक्षत डालें। कलश के गले में कुमकुम से स्वास्तिक बनाएं।

चरण 3

आम पल्लव एवं नारियल स्थापना

कलश के मुंह पर आम के ५ पत्ते रखें। जटा वाले नारियल को लाल चुनरी और मौली लपेटकर कलश के ऊपर रखें।

चरण 4

खेतड़ी के मध्य में स्थापना

तैयार कलश को जौ वाले पात्र के ठीक बीच में स्थापित करें। माँ दुर्गा के सम्मुख अखंड ज्योति या दैनिक घी का दीपक जलाएं।

९ देवी — दिनवार विवरण

दिन 1

Maa Shailaputri (माँ शैलपुत्री)

रंग: पीला Moon (चंद्रमा)

पर्वतराज हिमालय की पुत्री। यह स्वरूप अचल इच्छाशक्ति, स्थिरता और आध्यात्मिक नींव का प्रतीक है।

भोग: Pure Cow Ghee / Desi Ghee Sweets (शुद्ध देसी घी या घी की मिठाई)

ॐ देवी शैलपुत्र्यै नमः।

दिन 2

Maa Brahmacharini (माँ ब्रह्मचारिणी)

रंग: हरा Mars (मंगल)

घोर तपस्या करने वाली देवी। यह स्वरूप तप, त्याग, वैराग्य, संयम और सदाचार का वरदान देता है।

भोग: Sugar crystals (Mishri), Sugar, or Panchamrit (मिश्री, शक्कर या पंचामृत)

ॐ देवी ब्रह्मचारिण्यै नमः।

दिन 3

Maa Chandraghanta (माँ चंद्रघंटा)

रंग: धूसर (ग्रे) Venus (शुक्र)

मस्तक पर घंटे के आकार का आधा चंद्रमा। यह स्वरूप भयमुक्ति, सौम्यता, और वीरता का प्रतीक है।

भोग: Milk sweets or Kheer (दूध की बनी मिठाई या खीर)

ॐ देवी चंद्रघण्टायै नमः।

दिन 4

Maa Kushmanda (माँ कूष्मांडा)

रंग: नारंगी Sun (सूर्य)

अपनी मंद मुस्कान से ब्रह्मांड की रचना करने वाली। यह आरोग्य, आयु, और तेज प्रदान करती हैं।

भोग: Malpua or Ash Gourd sweet (मालपुआ या पेठा)

ॐ देवी कूष्माण्डायै नमः।

दिन 5

Maa Skandamata (माँ स्कंदमाता)

रंग: सफेद Mercury (बुध)

भगवान स्कंद (कार्तिकेय) की माता। यह स्वरूप वात्सल्य, संतान सुख, और मोक्ष का द्वार खोलता है।

भोग: Bananas or Banana Halwa (केला या केले का शीरा)

ॐ देवी स्कन्दमातायै नमः।

दिन 6

Maa Katyayani (माँ कात्यायनी)

रंग: लाल Jupiter (बृहस्पति)

महिषासुर का वध करने वाली वीरांगना। यह विवाह में आने वाली बाधाओं को दूर करती हैं और जीत दिलाती हैं।

भोग: Honey (Madhu) or Honey-dipped sweets (शहद या शहद युक्त भोग)

ॐ देवी कात्यायन्यै नमः।

दिन 7

Maa Kalaratri (माँ कालरात्रि)

रंग: रॉयल ब्लू (गहरा नीला) Saturn (शनि)

अज्ञान और अंधकार का काल। कालरात्रि अत्यंत भयंकर रूप में होकर भी भक्तों को शुभ फल देती हैं, इसलिए 'शुभंकरी' कहलाती हैं।

भोग: Jaggery (Gud) or Jaggery sweets (गुड़ या गुड़ से बना प्रसाद)

ॐ देवी कालरात्र्यै नमः।

दिन 8

Maa Mahagauri (माँ महागौरी)

रंग: गुलाबी Rahu (राहु)

अत्यंत गौर वर्ण और शांत स्वरूप। यह भक्तों के समस्त संचित पापों का क्षय कर परम पवित्रता प्रदान करती हैं।

भोग: Coconut or Coconut Sweets / Halwa Puri Chana (नारियल या नारियल की बर्फी / हलवा-पूरी-चना)

ॐ देवी महागौर्यै नमः।

दिन 9

Maa Siddhidatri (माँ सिद्धिदात्री)

रंग: बैंगनी Ketu (केतु)

अष्ट सिद्धियों और समस्त निधियों को देने वाली। इनकी साधना से साधक को जीवन में पूर्णता और परम ज्ञान प्राप्त होता है।

भोग: Til (Sesame seeds) / Kheer-Puri / Kanya Pujan Prasad (तिल का भोग / खीर-पूरी / कन्या पूजन प्रसाद)

ॐ देवी सिद्धिदात्र्यै नमः।

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